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Wednesday, March 19, 2008

मेरे सपनों की

दुनियामेरे सपनों की दुनिया वहीं

हैजहाँ कभी कोई न रोए।

जहाँ सब जन हँसते ही

रहेंजहाँ कभी कोई गुस्सा न होए।

।मेरे सपनों की दुनिया वहीं

हैजहाँ कोई न काला हो न हो सफ़ेद।

जहाँ सब धर्म आज़ाद

रहेंजहाँ कोई रंग में करे न भेद।

।मेरे सपनों की दुनिया वहीं है वहीं

हैजहाँ सदा अच्छाई का ही हो राज।

जहाँ कभी कुछ बुरा न ho

jahaan बनूँ मैं सबका महाराज।।

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